Video: पंजाब कांग्रेस सरकार पर वैक्सीन बेचने का आरोप, सरकार ने लिया यू टर्न, वापस लिया फैसला

चंडीगढ़: पंजाब में सत्तारूढ़ कांग्रेस पार्टी के बीच इन दिनों सबकुछ ठीक नहीं चल रहा है। मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह के सामने नवजोत सिंह सिद्धू लगातार चुनौती बन रहे हैं। पार्टी में कलह के चलते आलाकमान ने इन दिनों पंजाब के ज्यादातर बड़े नेताओं को दिल्ली बुलाया गया है। इस बीच केंद्र सरकार एवं शिरोमणि अकाली दल ने पंजाब की कांग्रेस सरकार पर आरोप लगाया है कि पंजाब सरकार कोरोना वैक्सीन को प्राइवेट अस्पतालों को बेच रही है। 
केंद्र ने पंजाब सरकार पर निजी अस्पतालों को ऊंची कीमतों पर कोवैक्सीन बेचने का आरोप लगाया है। केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने कहा कि “राहुल गांधी को दूसरों को ज्ञान देने की बजाय पहले अपने कांग्रेस राज्य की देखभाल करनी चाहिए। पंजाब सरकार को कोवैक्सीन की 1.40 लाख से ज्यादा डोज 400 रुपये में उपलब्ध कराई गई और उन्होंने इसे 20 निजी अस्पतालों को 1000 रुपये में बेच दी।
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि “पंजाब कोरोना से प्रभावित है, वैक्सीन का ठीक मैनेजमेंट नहीं हो रहा है। पिछले 6 महीने से उनकी आपसी लड़ाई चल रही है, पूरी पंजाब सरकार और पार्टी 3-4 दिन से दिल्ली में है, पंजाब को कौन देखेगा? अपनी अंदरूनी राजनीति के लिए पंजाब के लोगों की अनदेखी करना कांग्रेस का बड़ा पाप है।
वहीं विपक्षी पार्टी शिरोमणि अकाली दल के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल ने भी सरकार पर ऊंचे दामों पर वैक्सीन बेचने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा है कि “राज्य में कोविड का टीका उपलब्ध है लेकिन पंजाब सरकार इसे निजी अस्पतालों को बेच रही है। पंजाब सरकार 400 रुपये में टीके ले रही है लेकिन निजी अस्पतालों को 1060 रुपये में बेच रही है। उन्होंने कहा कि यह घोटाला है।”
बादल ने कहा कि “निजी अस्पताल लोगों से हर खुराक के लिए 1,560 रुपये ले रहे हैं। एक खुराक के लिए प्रति परिवार 6,000 से 9,000 रुपये का खर्च आ रहा है। सिर्फ मोहाली में ही एक दिन में 35,000 खुराक निजी संस्थाओं को बेची गयीं।” उन्होंने कहा कि यह घोटाला है।
बादल ने कहा, “राहुल गांधी को बताना चाहिए कि क्या वह इस बात का समर्थन करते हैं कि कांग्रेस सरकार लोगों को टीके की एक खुराक पर 1,560 रुपये खर्च करने को मजबूर कर रही है।
वहीँ कोरोना संकट के बीच पंजाब की कैप्टन अमरिंदर सिंह सरकार ने निजी अस्पतालों को वैक्सीन बेचने का फैसला वापस ले लिया है। अब पंजाब में निजी अस्पतालों को वैक्सीन नहीं दी जाएगी। विपक्ष की तरफ से काफी हंगामा हुआ था जिसके बाद सूबे की कांग्रेस सरकार ने यह फैसला लिया है। पंजाब के स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि जो वैक्सीन अब तक प्राइवेट अस्पतालों को दी गई है, वो भी वापस ली जाएंगी।