जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक हुई संपन्न, जिलाधिकारी डॉ विजय कुमार ने दिए यह महत्वपूर्ण निर्देश

दीपक जोशी की रिपोर्ट;
पिथौरागढ़, 28 दिसम्बर, 2020: सोमवार को जिला कार्यालय सभागार में जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक जिलाधिकारी डॉ विजय कुमार जोगदण्डे की अध्यक्षता में संपन्न हुई। बैठक में विभिन्न एजेन्डा बिंदुओं पर चर्चा करते हुए जिलाधिकारी ने संबंधित विभागों को आवश्यक निर्देश दिये। जिलाधिकारी ने बैठक में कहा कि जिले में वाहन दुर्घटनाओं को पूर्णतया रोके जाने हेतु हर संभव प्रयास करने के साथ ही सघन अभियान चलाकर वाहनों का निरीक्षण कर वाहन तथा वाहन चालकों के परीक्षण के अतिरिक्त ओवर लोडिंग को रोका जाए।
बैठक में जनपद में दो स्थानों दोबाट-रांथी मोटर मार्ग अंतर्गत 50 मीटर तथा थल-मुनस्यारी मोटर मार्ग के समकोट बैंड के निकट 150 मीटर के जो ब्लैक स्पॉट पूर्व में चिह्नित किए गए हैं। इस दोनों ब्लैक स्पॉट को हटाए जाने हेतु आवश्यक कार्यवाही समीक्षा के दौरान लोक निर्माण विभाग से आए अधिकारियों द्वारा अवगत कराया कि रांथी मोटर मार्ग हेतु 14 लाख 71 हजार व समकोट मार्ग के ब्लैक स्पॉट को हटाए जाने हेतु इन दोनों स्थानों में विभिन्न सुरक्षात्मक कार्यों, सड़क व सुधारीकरण, पैराफिट निर्माण के साथ ही अन्य कार्यों को कराए जाने हेतु धनराशि हेतु प्रस्ताव परिवहन विभाग उत्तराखंड/शासन को भेजा गया है जो वर्तमान तक प्राप्त नहीं हुआ है।
उक्त सम्बन्ध में जिलाधिकारी ने पुनः उनकी ओर से अनुस्मारक पत्र शासन को भेजने के अतिरिक्त उक्त दोनों स्थानों में आवश्यक सुरक्षात्मक कार्य विभागीय व अन्य निधि से कराए जाय। बैठक में पूर्व में जिले में चिह्नित कुल 53 दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में सड़क निर्माण विभागों द्वारा कराए गए कार्यों की समीक्षा जे दौरान अवगत कराया कि सभी क्षेत्रों में दुर्घटनाओं को रोके जाने हेतु आवश्यक कार्य पूर्ण कर लिए गए हैं। उक्त सम्बन्ध में जिलाधिकारी ने सभी स्थानों में किए गए सुरक्षात्मक कार्यों की स्थलीय फोटोग्राफ उपलब्ध कराने के निर्देश सड़क निर्माण विभाग को दिए।
बैठक में जिला मुख्यालय समेत सभी नगरीय क्षेत्रों में यातायात व्यवस्था की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने कहा कि नगरीय क्षेत्रों में यातायात व्यवस्था को सुदृढ़ किए जाने हेतु सड़क निर्माण विभाग स्थानीय नगर निकाय, पुलिस, परिवहन विभाग व स्थानीय विभाग के साथ मिलकर नगर की सड़कों के सुदृढ़ीकरण, नालियों का निर्माण, चौराहों व तिराहों का सौंदर्यीकरण किए जाने के साथ ही यातायात में बाधित अन्य जो भी उन्हें दुरुस्त किए जाने हेतु प्रस्ताव तैयार कर शासन व परिवहन विभाग को उपलब्ध कराएं। जिलाधिकारी ने पिथौरागढ़ नगर में यातायात व्यवस्था को सुदृढ़ किए जाने हेतु शीघ्र ही नगर का यातायात प्लान तैयार करने के भी निर्देश देते हुए कहा कि दिन में समय निर्धारित कर, सुबह से सायं तक नगर के भीतर भारी वाहन, ट्रक, डंम्पर, बसें आदि को प्रवेश न किया जाय। इन्हें दिन की अवधि में शहर की सीमा से बाहर किया जाय जो वाहन शहर से बाहर अन्यत्र जाने वाले हों, उन्हें बाईपास से भेजा जाए।
जिलाधिकारी ने कहा कि जिला मुख्यालय में देव सिंह मैदान के निकट जो बहुमंजिला पार्किंग बनी है, वह निजी वाहनों की पार्किंग हो। जो व्यक्ति किसी कार्य से शहर में आया है, वह सड़क में अपनी गाड़ी पार्क न कर, उसमें पार्किंग करे जो इस हेतु बनाई गई है। उक्त पार्किंग में टैक्सी वाहनों को पार्क न किया जाय। इस हेतु पुलिस विभाग व नगर पालिका शीघ्रता से कार्यवाही सुनिश्चित कराएं।
जिलाधिकारी ने कहा कि शहर में टैक्सियों को उनके क्षेत्र में निर्धारित पार्किंग में ही खड़ा किया जाय। सड़कों में एक भी टैक्सी खड़ी नहीं होनी चाहिए। बैठक में जिलाधिकारी ने नगरीय क्षेत्रों में यातायात आदि में बाधक सभी अतिक्रमण को चिह्नित कर, शीघ्र संयुक्त अभियान चलाए जाने हेतु तहसील प्रशाशन, पुलिस, नगर निकाय व परिवहन विभाग को निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि यह अभियान प्रत्येक सप्ताह चलाया जाए। उन्होंने नगरीय क्षेत्रों में डिवाइडर बनाए जाने हेतु भी लोक निर्माण विभाग को प्रस्ताव बनाने के निर्देश दिए। साथ ही उन्होने बैठक में ओटोमेटेड ड्राइविंग ट्रैक के निर्माण हेतु, शीघ्र भूमि चयन हेतु उपजिलाधिकारी व ए आरटीओ को निर्देश दिए। बैठक में जिलाधिकारी ने कहा कि वाहन दुर्घटनाओं को रोके जाने हेतु सभी उप जिलाधिकारी पुलिस एवं परिवहन विभाग के साथ संयुक्त रूप से चैकिंग अभियान चलाएं। बैठक में अधिशासी अधिकारी नगर पालिका ने अवगत कराया कि नगर में वर्तमान में 23 सी सी टी वी संचालित हैं। शेष को शीघ्र ही ठीक कराया जा रहा है।
बैठक में अपर पुलिस अधीक्षक विमल आचार्य, उप जिलाधिकारी तुसार सैनी, एआरटीओ नवीन सिंह, अधिशासी अधिकारी नगर पालिका मनोज दास, टी एस आई दरबान सिंह समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।